श्रीलंका के मन्नार अस्पताल में इमरजेंसी यूनिट का निर्माण कार्य शुरू; भारतीय अनुदान से मिल रही है विकास कार्यों को गति

श्रीलंका के मन्नार अस्पताल में इमरजेंसी यूनिट का निर्माण कार्य शुरू; भारतीय अनुदान से मिल रही है विकास कार्यों को गति

भारत और श्रीलंका ने आपसी संबंधों को और अधिक सुदृढ़ करते हुए समुद्री मुद्दों, द्विपक्षीय मामलों और विभिन्न बहुपक्षीय मंचों पर आपसी सहयोग को लेकर विस्तृत चर्चा की है। यह महत्वपूर्ण बातचीत कोलंबो में विदेश मंत्रालय (MEA) के संयुक्त राष्ट्र आर्थिक और सामाजिक (UNES) विभाग के अतिरिक्त सचिव डॉ. एक्विनो विमल और श्रीलंका के विदेश मंत्रालय की कानूनी सलाहकार तिलानी सिल्वा के बीच हुई बैठक के दौरान सामने आई। श्रीलंका में भारतीय दूतावास द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, 29 से 30 सितंबर 2026 के दौरान कोलंबो में हुई इस बैठक में दोनों देशों ने आपसी हितों के कई अहम विषयों पर विचारों का आदान-प्रदान किया। भारत लंबे समय से श्रीलंका में विभिन्न विकास परियोजनाओं, स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे और आपदा प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण सहायता प्रदान करता रहा है। इसी कड़ी में सोमवार को भारत ने श्रीलंका की सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली को बड़ी राहत देते हुए लगभग तीन टन टीबी-रोधी (anti-tuberculosis) दवाइयों की खेप कोलंबो भेजी। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि यह महत्वपूर्ण खेप भारतीय वायु सेना (IAF) के C130J विमान के माध्यम से कोलंबो पहुंचाई गई है, जो श्रीलंका की स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति भारत की निरंतर प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है। इसके अलावा, 16 सितंबर को भारतीय सरकार की वित्तीय सहायता से श्रीलंका के मन्नार (Mannar) स्थित जिला जनरल अस्पताल में एक नई दो मंजिला दुर्घटना और आपातकालीन इकाई के निर्माण की शुरुआत की गई। इस शिलान्यास समारोह में श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके, श्रीलंका के स्वास्थ्य एवं जनसंचार मंत्री नलिनदा जयतिसा और श्रीलंका में भारत के उच्च्ायुक्त संतोष झा विशेष रूप से उपस्थित थे। भारतीय उच्च आयोग के अनुसार, 60 करोड़ श्रीलंकाई रुपये (SLR) के भारतीय अनुदान से समर्थित इस परियोजना के तहत अस्पताल को आवश्यक चिकित्सा उपकरण भी मुहैया कराए जाएंगे, जिससे नाजुक 'गोल्डन ऑवर' के दौरान समय पर आपातकालीन देखभाल सुनिश्चित की जा सकेगी। उच्चायुक्त झा ने इस परियोजना को दोनों देशों के बीच स्थायी साझेदारी और जन-केंद्रित विकास का सच्चा प्रमाण बताया। इससे पहले 4 सितंबर को उच्चायुक्त संतोष झा ने श्रीलंका की संसद के स्पीकर जगत विक्रमरत्ने और आवास, निर्माण एवं जल आपूर्ति उपमंत्री टी.बी. सरथ के साथ पोलोन्नारुवा में 21वें मॉडल गांव ‘सुहादागामा’ (Suhadagama) का उद्घाटन किया था। भारतीय अनुदान सहायता से संचालित यह मॉडल गांव प्रोजेक्ट श्रीलंका के सभी 25 जिलों में फैला हुआ है और यह जमीनी स्तर पर सार्थक प्रगति लाने में भारत-श्रीलंका की साझेदारी की मजबूती को दर्शाता है।