पंजाब के पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर को अदालत से बड़ा झटका, जमानत याचिका खारिज
पंजाब के पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर को गुरुवार को अदालत से बड़ा झटका लगा। पंजाब वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन के जिला प्रबंधक डॉ. गगनदीप सिंह रंधावा को आत्महत्या के लिए कथित रूप से उकसाने के मामले में दायर उनकी जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी। सुनवाई के दौरान डॉ. रंधावा के परिवार की ओर से पेश वकील ने अदालत में दलील दी कि लालजीत सिंह भुल्लर का राजनीतिक प्रभाव काफी अधिक है। यदि उन्हें जमानत दी जाती है, तो वे गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं या मुकदमे की प्रक्रिया में हस्तक्षेप कर सकते हैं। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजीव कुंडी की अदालत ने इन तर्कों को स्वीकार करते हुए भुल्लर की जमानत याचिका खारिज कर दी। इस मामले में पूर्व मंत्री के पिता सुखदेव सिंह भुल्लर और उनके पूर्व निजी सहायक (पीए) दिलबाग सिंह भी आरोपी हैं। हालांकि, दोनों की अब तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इस बीच, पीड़ित परिवार ने मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से कराने की मांग को लेकर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट का रुख किया है। इस याचिका पर गुरुवार को सुनवाई होनी है। गौरतलब है कि मृतक जिला प्रबंधक डॉ. गगनदीप सिंह रंधावा ने आत्महत्या से पहले एक वीडियो जारी कर पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर पर मानसिक प्रताड़ना और धमकियां देने के गंभीर आरोप लगाए थे। इसके बाद पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। मृतक की पत्नी की शिकायत के आधार पर पुलिस ने लालजीत सिंह भुल्लर, उनके पिता सुखदेव सिंह भुल्लर और उनके निजी सहायक दिलबाग सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। उल्लेखनीय है कि पुलिस ने 23 मार्च को लालजीत सिंह भुल्लर को मंडी गोबिंदगढ़ से गिरफ्तार किया था।
Posted By: Daily Suraj Bureau