जालंधर में मैकेनिकल इंजीनियर की संदिग्ध मौत: बहन ने प्रेमिका पर लगाए हत्या और साजिश के गंभीर आरोप

जालंधर में मैकेनिकल इंजीनियर की संदिग्ध मौत: बहन ने प्रेमिका पर लगाए हत्या और साजिश के गंभीर आरोप

पंजाब के जालंधर स्थित मकसूदां इलाके में 22 वर्षीय मैकेनिकल इंजीनियर ओमवीर की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में एक नया मोड़ आ गया है। मृतक की बहन अमनप्रीत कौर ने ओमवीर की प्रेमिका पर गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। अमनप्रीत का आरोप है कि प्रेमिका उसके भाई को लगातार झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकियां दिया करती थी। अमनप्रीत के अनुसार, ओमवीर करीब पांच सालों से उक्त युवती के साथ रिश्ते में था और दोनों परिवारों को इस संबंध के बारे में पूरी जानकारी थी। युवती का उनके घर आना-जाना भी लगा रहता था। उसने आरोप लगाया कि दुबई से वापस आने के बाद भी उसके भाई को पहले एक निहंग सिंह के जरिए कथित तौर पर बंदूक की नोक पर अगवा करके डराया-धमकाया गया था। मृतक की बहन ने दावा किया कि दुबई जाने से पहले ओमवीर आखिरी बार अपनी प्रेमिका से मिलने उसके घर गया था, जहां एक साजिश के तहत उसकी हत्या कर दी गई। उसने बताया कि परिवार के पास इस घटना से संबंधित एक वीडियो भी मौजूद है। वीडियो में ओमवीर युवती के घर के फर्श पर पड़ा दिखाई दे रहा है और उस समय उसकी सांसें चल रही थीं, जबकि पीछे से उसे मारने की आवाजें आ रही थीं। इसके अलावा, ओमवीर की पल्सर मोटरसाइकिल भी कथित तौर पर युवती के घर से ही बरामद हुई है। गौरतलब है कि मंगलवार को मकसूदां इलाके के एक मकान से ओमवीर का शव बरामद हुआ था। उस समय युवती के परिवार ने दावा किया था कि ओमवीर जबरन घर में घुसा और चाकू से हमला किया, जिसके बाद उसने जहरीला पदार्थ निगलकर आत्महत्या कर ली। दूसरी ओर, अमनप्रीत ने थाना डिवीजन नंबर-1 की पुलिस को लिखित शिकायत देकर जांच की मांग की है। अमनप्रीत का कहना है कि उन्होंने पुलिस को वीडियो, ऑडियो और चैट समेत कई अहम डिजिटल सबूत सौंपे हैं। इस पूरे मामले पर एसीपी करनैल सिंह ने बताया कि पुलिस द्वारा दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं और मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवा दिया गया है। उन्होंने कहा कि मृतक की बहन द्वारा सौंपे गए सभी सबूतों की गहनता से जांच की जाएगी। जांच के दौरान जिस भी पक्ष की भूमिका सामने आएगी, उसके खिलाफ कानून के मुताबिक सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मौत के वास्तविक कारणों और लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।