मोहाली रियल एस्टेट क्षेत्र में हड़कंप: गमाडा कार्यालय में ईडी की छापेमारी, महत्वपूर्ण रिकॉर्ड जब्त

मोहाली रियल एस्टेट क्षेत्र में हड़कंप: गमाडा कार्यालय में ईडी की छापेमारी, महत्वपूर्ण रिकॉर्ड जब्त

प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीमों ने मंगलवार को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के जवानों की कड़ी सुरक्षा के बीच फेज-8, मोहाली स्थित ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMADA) के दफ्तर में अचानक छापेमारी की। केंद्रीय जांच एजेंसी की इस त्वरित कार्रवाई से पंजाब के प्रशासनिक और रियल एस्टेट हलकों में भारी हड़कंप मच गया। छापेमारी के दौरान ईडी के अधिकारियों ने गमाडा दफ्तर की कम से कम तीन मंजिलों को पूरी तरह सील कर दिया और वहां मौजूद शीर्ष अधिकारियों के मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिए। जांच दल ने रेमीगेट (Remigate) मामले के साथ-साथ निजी बिल्डरों को अवैध तरीके से जमीन का उपयोग बदलने (Change of Land Use - CLU) की दी गई मंजूरियों से संबंधित महत्वपूर्ण रिकॉर्ड और दस्तावेज भी जब्त कर लिए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, गमाडा के वरिष्ठ अधिकारियों—जिनमें एस्टेट ऑफिसर (EO), अतिरिक्त मुख्य प्रशासक (ACA) और मुख्य इंजीनियर (Chief Engineer) शामिल हैं—को हाउसिंग सचिव के कमरे में बुलाया गया, जहां ईडी के अधिकारी उनसे लगातार पूछताछ कर रहे हैं। जांच एजेंसी के अधिकारियों के अनुसार, ईडी भूमि अधिग्रहण के मामलों, निजी बिल्डरों/रियलटर्स को दिए गए अनुचित लाभों, सीएलयू मंजूरियों और सरकारी संपत्तियों की नीलामी में हुई बड़ी गड़बड़ियों व वित्तीय धांधलियों की गहन पड़ताल कर रही है। उल्लेखनीय है कि ईडी पिछले कुछ महीनों से मोहाली और न्यू चंडीगढ़ क्षेत्र में बिल्डरों तथा गमाडा अधिकारियों की मिलीभगत से हुए करोड़ों रुपये के सीएलयू घोटाले और फीस डिफॉल्ट के मामलों की जांच कर रही है। आज की इस कार्रवाई के बाद से क्षेत्र के राजनीतिक और रियल एस्टेट गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।