बेअदबी रोकने के लिए देशव्यापी कानून की जरूरत: हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी

बेअदबी रोकने के लिए देशव्यापी कानून की जरूरत: हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी

हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (HSGMC) ने देशभर में धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी रोकने के लिए सख्त कानून बनाए जाने की मांग की है। कमेटी ने स्पष्ट किया है कि प्रस्तावित कानून किसी एक धर्म तक सीमित न होकर सभी धर्मों के पवित्र ग्रंथों को शामिल करना चाहिए। यह मांग हाल ही में पंजाब सरकार द्वारा पारितजगत ज्योत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) विधेयक, 2026 के संदर्भ में उठाई गई है। इस कानून में गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी करने या ऐसी साजिश रचने वालों के लिए 10 साल से लेकर आजीवन कारावास तक की सजा का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही ऑनलाइन अपमानजनक सामग्री प्रकाशित करना भी अपराध की श्रेणी में शामिल किया गया है। कमेटी के अध्यक्ष जगदीश सिंह झिंडा ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर हरियाणा और राष्ट्रीय स्तर पर भी इसी प्रकार का कानून लागू करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि बेअदबी से जुड़े मामलों में शामिल लोगों के लिए कड़ी से कड़ी सजा सुनिश्चित की जानी चाहिए और यह कानून सभी धर्मों के लिए समान रूप से लागू होना चाहिए। कमेटी के अनुसार, पिछले कुछ वर्षों में देश के विभिन्न हिस्सों में धार्मिक ग्रंथों, विशेषकर गुरु ग्रंथ साहिब से जुड़े अपमान के मामलों में वृद्धि हुई है। ऐसे मामलों से धार्मिक भावनाएं आहत होती हैं और कई बार कानून-व्यवस्था की स्थिति भी प्रभावित होती है। इस संदर्भ में HSGMC का मानना है कि इन घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कानूनी प्रावधान अत्यंत आवश्यक हैं। जगदीश सिंह झिंडा ने अपने पत्रों में यह भी उल्लेख किया कि पंजाब सरकार के इस कदम को विश्वभर की सिख संस्थाओं का व्यापक समर्थन मिला है। उन्होंने कहा कि हरियाणा और केंद्र सरकार को भी इस दिशा में जल्द कदम उठाना चाहिए। कमेटी ने यह निर्णय भी लिया है कि इस मुद्दे पर आगे की रणनीति तय करने के लिए जल्द ही एक बैठक आयोजित की जाएगी और इस संबंध में मुख्यमंत्री से मुलाकात भी की जाएगी।