हरभजन सिंह फिर विवादों में, फतेहगढ़ साहिब के स्कूल की पुरानी वीडियो साझा करने पर घिरे
राजस्थान की एक वीडियो को लेकर विवादों में रहे पूर्व भारतीय क्रिकेटर और भाजपा के राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह एक बार फिर सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर विवादों में आ गए हैं। इस बार उन्होंने फतेहगढ़ साहिब जिले के गांव जलहण स्थित सरकारी हाई स्कूल के कथित खराब हालात को उजागर करने वाली दो वीडियो अपने एक्स (X) हैंडल पर साझा कीं। हालांकि, इनमें से एक वीडियो के वर्ष 2018 की होने का दावा सामने आने के बाद उनकी पोस्ट पर सवाल उठने लगे हैं। हरभजन सिंह ने स्कूल के शौचालयों की कथित खराब स्थिति और ग्रामीणों की समस्याओं से जुड़ी दो वीडियो साझा करते हुए आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर निशाना साधा। पोस्ट के साथ उन्होंने टिप्पणी की, “सच न बोलो नहीं तो आपको भी पेड ट्रोल कह दिया जाएगा।” स्कूल के शौचालयों की स्थिति दिखाने वाली वीडियो पर विवाद हरभजन सिंह द्वारा साझा की गई पहली वीडियो में एक एनजीओ कार्यकर्ता सरकारी हाई स्कूल का दौरा करते हुए दिखाई देता है। वीडियो में वह दावा करता है कि छात्राओं के शौचालय में न तो छत है और न ही पानी की उचित व्यवस्था है। उसका कहना है कि गर्मी और उमस के दौरान पानी की कमी के कारण छात्राओं को स्कूल के समय पानी पीने से भी परहेज करना पड़ता है, ताकि उन्हें बदबूदार शौचालयों का इस्तेमाल न करना पड़े। वीडियो सामने आने के कुछ घंटे बाद ही सोशल मीडिया यूजर्स ने इसकी प्रामाणिकता पर सवाल उठाए। कई यूजर्स ने दावा किया कि यह वीडियो नई नहीं, बल्कि 2018 में रिकॉर्ड की गई थी और इसे उसी समय यूट्यूब पर भी प्रकाशित किया गया था। इसके बाद हरभजन सिंह को पुरानी वीडियो साझा करने को लेकर आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। सोशल मीडिया पर वीडियो की कथित पुरानी तारीख से जुड़े स्क्रीनशॉट और लिंक भी साझा किए गए। इसके आधार पर यूजर्स ने सवाल उठाया कि यदि वीडियो 2018 की है तो इसे मौजूदा स्थिति के तौर पर क्यों साझा किया गया। दूसरी वीडियो में विधायक को ग्रामीणों ने घेरा हरभजन सिंह ने दूसरी वीडियो भी साझा की थी। इसमें लुधियाना जिले के गांव तलवंडी के निवासी एक लोक मिलनी कार्यक्रम के दौरान गिल विधानसभा क्षेत्र के विधायक जीवन सिंह संगोवाल से अपनी समस्याएं रखते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में ग्रामीणों ने बढ़ती नशे की समस्या और गांव में बुनियादी ढांचे की खराब स्थिति सहित कई मुद्दे उठाए। ग्रामीणों ने विधायक पर समस्याओं के समाधान के लिए पर्याप्त कार्रवाई नहीं करने का आरोप भी लगाया। हालांकि, हरभजन सिंह की इस दूसरी पोस्ट को लेकर ऐसी आलोचना सामने नहीं आई। राजस्थान की वीडियो को लेकर पहले भी हुआ था विवाद हरभजन सिंह की ये ताजा पोस्ट उस विवाद के कुछ ही दिन बाद सामने आई हैं, जिसमें उन्होंने पंजाब में नशे की समस्या को लेकर सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा की थी। उस वीडियो में दो युवक कथित तौर पर नशे की हालत में दिखाई दे रहे थे। हरभजन सिंह ने इसे पंजाब में चल रहे कथित “जोंबी ड्रग” संकट से जोड़कर पेश किया था। बाद में पंजाब पुलिस ने स्पष्ट किया था कि वीडियो वास्तव में राजस्थान के श्रीगंगानगर में रिकॉर्ड की गई थी और इसका पंजाब से कोई संबंध नहीं था। अपनी पोस्ट का बचाव करते हुए हरभजन सिंह ने कहा था कि केवल इस वजह से कि संबंधित वीडियो राजस्थान की है, यह साबित नहीं होता कि पंजाब में नशे की समस्या नहीं है। इस विवाद के बीच पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने हरभजन सिंह के आरोपों के खिलाफ कानूनी विकल्पों पर विचार करने की चेतावनी भी दी थी। राज्यसभा सीटों को लेकर भी कर चुके हैं आरोप पूर्व क्रिकेटर से राज्यसभा सांसद बने हरभजन सिंह इससे पहले मई में भी पंजाब की राजनीति में चर्चा में आए थे। उन्होंने आम आदमी पार्टी पर राज्यसभा की सीटें “बेचने” का आरोप लगाया था। एक्स पर पोस्ट करते हुए उन्होंने अपने आलोचकों को जवाब देते हुए राज्यसभा सीट की कथित कीमत और रिश्वत से जुड़े गंभीर आरोप लगाने की बात कही थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया था कि पंजाब को कथित तौर पर नुकसान पहुंचाने और किसी को लाभ पहुंचाने के लिए लोगों को मंत्री या चौकीदार बनाया गया। इस तरह राजस्थान की वीडियो के बाद अब फतेहगढ़ साहिब के सरकारी स्कूल की कथित बदहाली से जुड़ी पुरानी वीडियो साझा किए जाने का मामला हरभजन सिंह के लिए एक नया राजनीतिक और सोशल मीडिया विवाद बन गया है।
Posted By: Daily Suraj Bureau