कैनेडा में सोशल मीडिया पर बदनामी करने वालों पर कसेगा शिकंजा: अल्बर्टा सरकार ला रही कड़ा कानून; 'बिल 33' का ड्राफ्ट तैयार
कैनेडा के अल्बर्टा प्रांत में सोशल मीडिया पर लोगों की फर्जी तस्वीरें और वीडियो अपलोड कर उनकी छवि धूमिल करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ प्रांतीय सरकार ने शिकंजा कसने की पूरी तैयारी कर ली है। अल्बर्टा की प्रीमियर (मुख्यमंत्री) डेनियल स्मिथ ने घोषणा की है कि सरकार प्रांत में लोगों की सहमति के बिना उनकी असली या नकली तस्वीरें सार्वजनिक करने के खिलाफ एक सख्त कानून ला रही है। अल्बर्टा विधानसभा में इस विधेयक के पास होकर लागू होने के बाद, किसी भी व्यक्ति की सहमति के बिना उसकी गलत या भ्रामक छवि पेश करने वाली असली या बनावटी फोटो-वीडियो सार्वजनिक करने पर पूर्ण प्रतिबंध लग जाएगा। यदि कोई व्यक्ति इस नियम का उल्लंघन करता है, तो पीड़ित उसके खिलाफ कानूनी शिकायत दर्ज करा सकेगा। इस नए कानूनी प्रावधान के तहत दोषी पाए जाने वाले आरोपी को दो साल तक की जेल की सजा और 10,000 डॉलर तक के भारी जुर्माने का सामना करना पड़ेगा। अपने आधिकारिक एक्स (X) खाते पर साझा की गई एक पोस्ट में मुख्यमंत्री डेनियल स्मिथ ने बताया कि इस संबंध में 'बिल 33' का मसौदा (ड्राफ्ट) तैयार कर लिया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि विधानसभा में इस विधेयक के पारित होने और लागू होने से पीड़ितों को बड़ी कानूनी राहत मिलेगी और सोशल मीडिया के जरिए बदनामी फैलाने वाले शरारती तत्वों पर प्रभावी रोक लगाई जा सकेगी। मुख्यमंत्री ने चिंता जताते हुए कहा कि हाल के दिनों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डीपफेक तकनीक के बढ़ते चलन के बाद ऐसी घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। कुछ लोग किसी व्यक्ति के निजी जीवन की फेक फोटो या डीपफेक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर देते हैं, जिससे पीड़ित का व्यक्तिगत और सामाजिक जीवन बुरी तरह प्रभावित होता है। लगातार बढ़ रहे इस रुझान पर अंकुश लगाना बेहद जरूरी हो गया था। उन्होंने साफ किया कि कानून लागू होने के बाद बिना सहमति किसी की भी निजी सामग्री सार्वजनिक करना एक दंडनीय अपराध होगा।